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3 दिन सिर्फ 1 चम्मच घी में भूनकर खालो 100 साल तक शरीर की कमजोरी, कैंसर, मोटापा, कमजोर हड्डिया, शुगर कोलेस्ट्रॉल पेट के रोग और दिल की बीमारिया कभी नहीं होगी

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“नमस्कार दोस्तों” आयुर्वेद में आप सभी का स्वागत है। आज हम आपको बबूल की गोंद को भूनकर खाने के फायदों के बारें में बताएंगे। दोस्तों बबूल का पेड़ आपको कही पर भी आसानी से देखने को मिल जाता है और इसके फायदे भी हैरान कर देने वाले होते है। जितने फायदे बबूल के पेड़ के होते है उतने ही फायदे बबूल की गोंद के भी होते है ये एक ऐसा तरल पदार्थ है जो बबूल के पेड़ के तने से निकलता है और सुखकर ये गोंद का रूप ले लेता है। अगर आप रोजाना इसका सेवन करते है तो इससे आपको चमत्कारी फायदे मिलेंगे। इसके सेवन से आपका शरीर बीमारियों का घर बनने से रुक जायेगा। तो चलिए दोस्तों जानते है

बबूल की गोंद का सेवन करने की विधि

दोस्तों आपको बबूल की गोंद का सेवन घी में भूनकर करना है इसके लिए एक चम्मच शुद्ध देसी घी लें और इसे हल्का गर्म करे। अब इसमें एक चम्मच बबूल की गोंद डालकर इसे अच्छे से भून लें और भुनने के बाद इसका सेवन करे आप इसका सेवन दूध के साथ भी कर सकते है। इसके लिए भुनी हुई गोंद को पीसकर इसका चूर्ण बना लें और एक चम्मच को दूध गेम दूध में मिलाये और इसका सेवन करे। आपको बबूल की गोंद का सेवन दिन में एक बार करना है। आइये जानते है



बबूल की गोंद के फायदे

पेट की बीमारियो में फायदेमंद

पेट से जुड़े किसी भी रोग को आप बबूल गोंद से ठीक कर सकते है। ये पोषक तत्वों का खजाना है इसको भूनकर खाने से पाचन शक्ति बढ़ती है और आप पेट की हर बीमारी से बचे रहते है ये पेट के अल्सर के खतरे को भी कम करती है। आप पेट दर्द, सूजन, गैस व अपच से छुटकारा पाने के लिए बबूल की गोंद को घी में भूनकर खा सकते है। इससे आपको काफी फायदा मिलेगा।

हड्डियों की कमजोरी क दूर करे

हड्डियों की कमजोरी को दूर करने के लिए और उनमे कैल्शियम की कमी को पूरा करने के लिए भी आप बबूल की गोंद का सेवन कर सकते है। ये कैल्शियम का खजाना है जो हड्डियों को वज्र के समान मजबूत बनाती है हड्डियों को मजबूत बनाने के लिए आप इसका सेवन दूध के साथ करे। इससे हड्डिया मजबूत बनाएगी और जोड़ो के दर्द से भी आपको राहत मिल जायेगा।

खांसी जुखाम में फायदेमंद

दोस्तों बदलते मौसम के प्रभाव से बचने के लिए और खांसी जुखाम का इलाज करने के लिए भी बबूल की गोंद को घी में भूनकर खा सकते है। इसकी तासीर गर्म होती होती है जिससे ये शरीर में गमी पैदा करके खांसी जुखाम को ठीक करने में मदद करती है। साथ ही रोजाना बबूल की गोंद को घी में भूनकर खाने से आपकी इम्युनिटी भी बढ़ती है जिससे शरीर में बीमारियों के पैदा होने का खतरा कम हो जाता है।

शरीर की कमजोरी को दूर करे

जिन लोगों के शरीर में कमजोरी है और वो अपने वजन को बढ़ाना चाहते है तो उन्हें भी बबूल का गोंद का घी में भूनकर सेवन करना चाहिए। इससे कमजोरी दूर हो जाएगी और जिम में जाने वालों के लिए ये और भी ज्यादा फायदा करेगी। इसलिए आप इसका सेवन जरूर करे।

कैंसर के खतरे को कम करे

बबूल की गोंद कैंसर के खतरे को भी कम करती है ये शरीर को मुक्त कणों से छुटकारा दिलाती है जो कैंसर का कारण बनते है। बबूल की गोंद एंटीऑक्सीडेंट गुणों से भरपूर होती है जो जीवाणुओं को नष्ट करके कैंसर के खतरे को कम करती है। ये शरीर में कैंसर कोशिकाओं को भी नहीं फूलने देती। इसलिए दोस्तों आपको रोजाना बबूल की गोंद का भूनकर सेवन जरूर करना चाहिए।

डायबिटीज में फायदेमंद

बबूल की गोंद का सेवन करके आप डायबिटीज की बीमारी में भी कर सकते है। ये फाइबर से भरपूर होता है जो भूख नहीं बढ़ने देता और पाचन शक्ति को भी बढ़ाता है। जिससे शरीर में रक्त शर्करा का स्तर नियंत्रित रहता है और आप डायबिटीज से बचे रह सकते है। टाइप 2 डायबिटीज के मरीजों के लिए बबूल की गोंद का सेवन काफी अच्छा होता है।



दिल को स्वस्थ बनाये

रोजाना देसी घी में गोंद को भूनकर खाने से हार्ट को भी मजबूत बनाया जा सकता है। इसके सेवन से कोलेस्ट्रॉल कण्ट्रोल में रहता है और हाई ब्लड प्रेशर की बीमारी को भी ठीक किया जा सकता है। इन दोनों के कण्ट्रोल में आने से आप हार्ट की बीमारियों से बचे रहते है। आपको कभी हार्ट अटैक का सामना नहीं करना पड़ता। इसलिए आप दिल को स्वस्थ रखने के लिए इसका सेवन जरूर करे।

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